आज की भागदौड़ भरी जिंदगी और खराब डाइट के कारण हाई ब्लड प्रेशर (Hypertension) जिसे ‘साइलेंट किलर’ के नाम से जाना जाता है एक बड़ी समस्या बन चुका है। अगर इसे समय पर कंट्रोल न किया जाए, तो यह दिल की बीमारियों और स्ट्रोक का खतरा बढ़ा सकता है। हालांकि मेडिकल साइंस में बीपी के लिए कई दवाएं मौजूद हैं, लेकिन हालिया रिसर्च बताती हैं कि कुछ नेचुरल हर्बल टी का सेवन करने से नेचुरल तरीके से बीपी को कंट्रोल किया जा सकता है। कुछ हर्बल टी धमनियों (Arteries) को हेल्दी रखती हैं और दिल के रोगों से बचाव करती हैं। हाई बीपी को कंट्रोल करने के लिए आयुर्वेद में चार तरह की चाय का जिक्र किया गया है।

फंक्शनल और ईस्टर्न मेडिसिन के बोर्ड-प्रमाणित डॉक्टर अर्नो क्रोनर के अनुसार हिबिस्कस और कैमोमाइल जैसी कुछ चाय का सेवन ब्लड प्रेशर को कम करने और दिल की सेहत को बेहतर बनाने में मदद कर सकता है। इन चाय का सेवन करने से दिल की सेहत में सुधार हो सकता है। ये चाय डॉक्टर द्वारा दी गई दवाओं का विकल्प नहीं हैं, लेकिन रिसर्च यह जरूर बताती है कि ये हाई ब्लड प्रेशर को नेचुरल तरीके से मैनेज करने में मददगार हो सकती हैं। आइए जानते हैं बीपी को नेचुरल तरीके से कंट्रोल करने में कौन-कौन सी चाय का सेवन असरदार साबित होता है।

हिबिस्कस टी (Hibiscus Tea)

The Journal of Nutrition में प्रकाशित एक प्रसिद्ध अध्ययन के अनुसार, प्री-हाइपरटेंशन और माइल्ड हाइपरटेंशन वाले वयस्कों ने जब 6 सप्ताह तक रोजाना 3 कप हिबिस्कस टी पी, तो उनके सिस्टोलिक ब्लड प्रेशर में औसतन 7.2 mmHg की गिरावट देखी गई। हिबिस्कस टी, गुड़हल के फूलों से बनाई जाती है और इसमें शक्तिशाली एंटीऑक्सीडेंट्स होते हैं, जो दिल की सेहत को बेहतर बनाने में मदद करते हैं। ब्लड प्रेशर कम करने के अलावा यह कोलेस्ट्रॉल और ट्राइग्लिसराइड्स के स्तर को भी घटाने में सहायक हो सकती है। रिसर्च बताती है कि हिबिस्कस हृदय रोग से जुड़े जोखिम कारकों को कम करने में मदद कर सकता है और खासतौर पर सिस्टोलिक ब्लड प्रेशर यानी ऊपरी के बीपी पर इसका असर देखा गया है।

एक अध्ययन में पाया गया कि जो लोग एक महीने तक दिन में दो बार हिबिस्कस टी पीते थे, उनके ब्लड प्रेशर में खासतौर पर कमी देखी गई। शोधकर्ताओं ने निष्कर्ष निकाला कि यह स्टेज-1 हाइपरटेंशन वाले लोगों में ब्लड प्रेशर कम करने में प्रभावी हो सकती है। Journal of Alternative and Complementary Medicine की एक रिसर्च के मुताबिक यह चाय गुड कोलेस्ट्रॉल (HDL) को बढ़ाती है और बैड कोलेस्ट्रॉल (LDL) व ट्राइग्लिसराइड्स को कम करती है।

कैमोमाइल टी (Chamomile Tea)

कैमोमाइल एक औषधीय जड़ी-बूटी है, जिसमें एंटी-इंफ्लेमेटरी और एंटी-एंग्जायटी गुण पाए जाते हैं। ये दिल की बीमारी के जोखिम को कम करने में मदद कर सकती है। Phytomedicine जर्नल में प्रकाशित एक शोध के अनुसार कैमोमाइल का अर्क ‘GABA’ रिसेप्टर्स के साथ क्रिया करता है, जो मस्तिष्क को शांत करने का काम करते हैं। तनाव, चिंता और नींद से जुड़ी समस्याएं हाई ब्लड प्रेशर से जुड़ी होती हैं, और कैमोमाइल टी इन समस्याओं को कम करने में असरदार मानी जाती है। ये चाय शरीर को शांत करती है और रिलैक्स करने में मदद करती है। रिसर्च के अनुसार कैमोमाइल में एंटी-हाइपरटेंसिव गुण होते हैं, जो ब्लड प्रेशर को कंट्रोल करने के साथ-साथ नींद की गुणवत्ता सुधारने में भी मदद कर सकते हैं।

ग्रीन टी (Green Tea) भी कर सकता है बीपी कंट्रोल

British Journal of Nutrition में पाया गया कि 12 सप्ताह से अधिक समय तक ग्रीन टी पीने से सिस्टोलिक बीपी में 2.6 mmHg और डायस्टोलिक में 2.2 mmHg की कमी आई। इसमें मौजूद कैटेचिन प्रकार के फ्लेवोनॉयड्स ब्लड प्रेशर को कंट्रोल करने में मदद करते हैं। हालांकि इसका असर इस बात पर निर्भर करता है कि आप इसे कितनी मात्रा और कितनी नियमितता से पीते हैं। कुछ रिसर्च यह भी बताती हैं कि लंबे समय तक ग्रीन टी का सेवन करने से बेहतर परिणाम मिलते हैं। इसके अलावा, ग्रीन टी दिल की बीमारियों के जोखिम को कम करने में भी मददगार मानी जाती है। रिसर्च बताती हैं कि ये प्री-हाइपरटेंशन और हाइपरटेंशन से पीड़ित लोगों में ब्लड प्रेशर को कम करने में मददगार हो सकती है।

ब्लैक टी (Black Tea) का करें सेवन

ग्रीन टी की तरह ही ब्लैक टी में भी ऐसे यौगिक पाए जाते हैं, जो ब्लड वेसल्स को रिलैक्स करने में मदद करते हैं। ब्लैक टी का सेवन ब्लड प्रेशर को कम करने और हृदय रोग के जोखिम को घटाने से जुड़ा हुआ है। एक अध्ययन में पाया गया कि जो लोग छह महीने तक रोजाना 3 कप ब्लैक टी पीते थे, उनके सिस्टोलिक और डायस्टोलिक ब्लड प्रेशर में 2 से 3 mmHg तक की कमी देखी गई। यह दर्शाता है कि नियमित रूप से ब्लैक टी का सेवन दिल की सेहत के लिए फायदेमंद हो सकता है।

डिस्क्लेमर:

किडनी या लो-बीपी की समस्या वाले लोग इन चायों का सेवन बिना डॉक्टरी सलाह के न करें